ब्रिक्स ट्रेड यूनियन फोरम शिखर सम्मेलन का हैदराबाद में शानदार शुभारंभ/ ईपीएफओ और ईएसआईसी के माध्यम से करोड़ों श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाएं मिल रही हैं – डॉ मनसुख मांडविया
चार श्रम संहिताओं के माध्यम से 29 श्रम कानूनों का सरलीकरण किया गया – डाॅ मांडविया
हैदराबाद, 14 जुलाई केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने मंगलवार को हैदराबाद में 15वें ब्रिक्स ट्रेड यूनियन फोरम (टीयूएफ) शिखर सम्मेलन-2026 का उद्घाटन किया।

केंद्रीय श्रम रोजगार और खेल मंत्री डॉ मनसुख मांडविया ने अपने अध्यक्षीय भाषण में सामाजिक न्याय, उत्तरदायी नवाचार और सार्वभौमिक सामाजिक सुरक्षा पर आधारित श्रमिक-केंद्रित वैश्विक कार्य व्यवस्था के निर्माण का आह्वान किया।

डॉ. मांडविया ने कहा कि भारत में सामाजिक सुरक्षा का दायरा वर्ष 2015 के 19 प्रतिशत से बढ़कर वर्ष 2026 में एक अरब से अधिक नागरिकों तक पहुंच गया है।
उन्होंने बताया कि ई-श्रम पोर्टल पर 31.7 करोड़ से अधिक असंगठित श्रमिक पंजीकृत हैं, जबकि ईपीएफओ और ईएसआईसी जैसी संस्थाओं के माध्यम से करोड़ों श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिल रहा है।

उन्होंने कहा कि चार श्रम संहिताओं के माध्यम से 29 श्रम कानूनों का सरलीकरण किया गया है, जिससे न्यूनतम वेतन, नियुक्ति पत्र, सुरक्षित कार्यस्थल, डिजिटल अनुपालन तथा गिग एवं प्लेटफॉर्म श्रमिकों को भी औपचारिक मान्यता प्रदान की गई है।
मंत्री ने कहा कि पिछले एक दशक में लगभग 17 करोड़ रोजगार अवसर सृजित हुए हैं और प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना के माध्यम से अगले दो वर्षों में 3.5 करोड़ औपचारिक रोजगार सृजित करने का लक्ष्य रखा गया है।
तीन दिवसीय इस सम्मेलन में ब्रिक्स देशों के 50 से अधिक अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधि तथा भारतीय श्रमिक संगठनों, श्रम विशेषज्ञों और शिक्षाविदों के लगभग 70 प्रतिनिधि भाग ले रहे हैं। सम्मेलन में सार्वभौमिक सामाजिक सुरक्षा, जिम्मेदार कृत्रिम बुद्धिमत्ता, कौशल विकास और बदलती कार्य दुनिया में महिलाओं की भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा।