भितरघातियों से सजग रहना जरूरी. ठाणे मनपा प्रभाग 16 प्रतिष्ठा बनाए रखने के लिए पूरी तरह जन-जन तक पहुंच रहे हैं उम्मीदवार
ठाणे मनपा के वागले इस्टेट क्षेत्र के किसन नगर मनपा के प्रभाग 17अ के चारों वर्ग में एक शिवसेना ने संगीता एकनाथ भोईर निर्विरोध निर्वाचित कर लिया है।

बाकी तीन में टक्कर तो कांटे की समझी जा रही है। शिवसेना के लिए यह प्रभाग प्रतिष्ठा का सवाल है क्योंकि पूर्व मुख्यमंत्री और वर्तमान उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का यह गृह क्षेत्र भी है जिसमें शिवसेना का नेतृत्व और पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता चाहते हैं यहां से विपक्षी उम्मीदवार जीतना तो दूर यहां उनके विरोधियों की जमानत तक जब्त होनी चाहिए।
मगर मतदाताओं का रुख भांपने में सभी लोग खुद एक दूसरे की ओर इशारा कर रहे हैं। क्योंकि यह वही वार्ड है जिसमें पिछले से पिछले मनपा चुनाव में एकनाथ शिंदे जी ने दहिना हाथ समझे जाने वाले राम रेपाले को शिकस्त मिल चुकी है उस दौर में भी राम रेपाले अत्यधिक विश्वास पर निपट गये थे.इस बार भी भितरघात हो सकता है ऐसे में सजग रहना जरूरी है।
इसलिए इस बार कोई इसे हल्के में लेना नहीं चाहता।

प्रभाग ब महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना- शिवसेना -राकांपा शरद पवार ने इंजन पर ढमाल पूजा किरण की सीधी टक्कर पूर्व नगरसेविका संध्या सुनिल मोरे से है।
प्रभाग ब महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना- शिवसेना -राकांपा शरद पवार ने इंजन पर ढमाल पूजा किरण की सीधी टक्कर पूर्व नगरसेविका संध्या सुनिल मोरे से है।
सौ मोरे पिछले टर्म में नगरसेविका रहते हुए लोगों के टेच में थी और स्थानीय वार्ड में विकास कार्य कर है इस बार पार्टी ने उनके कार्य से संतुष्ट होकर दुबारा मैदान में भेजा है।

उनके अलावा पूजा सुरेश मोरे वंचित बहुजन आघाड़ी से प्रत्याशी हैं।

प्रभाग 17क से शिवसेना उबाठा मनसे -राकांपा से खरात सागर गंगाराम मशाल लिए प्रचार में पसीना पसीने हो रहे हैं।
इनकी सीधी टक्कर शिवसेना के पूर्व नगरसेवक एकनाथ शिंदे के अनुज प्रकाश संभाजी शिंदे से है। प्रकाश शिंदे का पिछला काम करने का तरीका लोगों को स्थानीय मतदाताओं को पसंद आया है। शिंदे की पकड़ सीधे मतदाताओं से रही है और पिछले टर्म में किए गए कार्यों पर उन्हें पूरा भरोसा है कि जनता ने उनके कामों को देखा ही है साथ- साथ शिवसेना नेतृत्व माननीय पूर्व मुख्यमंत्री शिंदे से लोगों का बहुत सुंदर प्रेम है। शिंदे के प्रत्येक क्षेत्र में विकास कार्य स्थानीय मतदाताओं के समक्ष है इसलिए एक अच्छे नहीं बल्कि सबसे ज्यादा मतों से विजई होने के लिए उन्हें जी जान लगाकर मेहनत करनी पड़ रही है।

इसके साथ ही भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी ने विभूति नारायण झा को उम्मीदवारी दी है और अनिकेत बंडू मोरे वंचित बहुजन आघाड़ी से भाग्य आजमा रहे हैं।

शिवसेना नेतृत्व और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की पत्नी लता सौ एकनाथ शिंदे प्रचार सभा में ****************************
जबकि प्रभाग 16ड पर सुखदेव किसन उबाले उबाठा -मनसे -राकांपा की सीधा मुकाबला शिवसेना- भाजपा रिपा महायुति के सबसे युवा कर्मठ और लोकप्रिय पूर्व नगरसेवक शिक्षण समिति के चेयरमैन जानकर योगेश तातोबा धनुष बाण पर दूसरी बार खड़े हैं।

योगेश जानकर का पूरे प्रभाग में घर घर पर तगड़ी पकड़ है और स्थानीय मतदाताओं की वे पहली पसंद भी रहे हैं। बिना बुलाए उनकी रैलियों में प्रचार में सैकड़ों महिलाओं युवाओं और पुरुषों का झुंड जिस उत्साह से प्रचार कर रहा है यह देखते ब़न रहा है।

बता दें कि इस बार योगेश जानकर की पत्नी डॉ दर्शना योगेश जानकर को प्रभाग 16 अ में शिवसेना महायुति ने मैदान ए जंग में उतारा है। इन दोनों का सघन प्रचार के बीच यह भी सुना जा रहा है कि यदि सब कुछ ठीक-ठाक रहा तो इस बार इस जोड़े में महापौर पद मिल सकता है। क्योंकि इस बार एससी-एसटी को महापौर बनाया जाना है। इसलिए इनकी जीत भी ऐसी शानदार हो कि सबसे ज्यादा मतों से इन्हें विजयश्री हासिल की जाय इसलिए एक मतदाता ऐसा न हो कि उसका आशिर्वाद प्राप्त न हो। युवाओं की टोलियां प्रत्येक घर घर में जाकर संपर्क करने में जुटे हैं। इनके अलावा राधा किशन डाबरे वंचित बहुजन आघाड़ी से भाग्य आजमा रहे हैं।